मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और केन्द्रीय पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने रविवार को बालोतरा जिले के पचपदरा स्थित निर्माणाधीन एचपीसीएल राजस्थान रिफाइनरी का निरीक्षण किया. इस दौरान उन्होंने रिफाइनरी मेन कंट्रोल रूम का उद्घाटन और आरएमसीआर परिसर में ऑपरेटर प्रशिक्षण सिम्युलेटर का शुभारंभ किया.
मुख्यमंत्री और केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री के पचपदरा रिफाइनरी दौरे के दौरान पूर्व बाड़मेर जैसलमेर के सांसद एवं भाजपा नेता मानवेंद्र सिंह जसोल भी उनके साथ नजर आए. इतना ही नहीं केंद्रीय मंत्री ने मानवेन्द्रसिंह का रिफाइनरी अधिकारियों से परिचय कराया. निरीक्षण के दौरान मानवेंद्र सिंह मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री के साथ बस में सवार हुए, जबकि अन्य लोग दूसरी गाड़ियों में गए. यह क्षेत्र में चर्चा का विषय बन गई, जिससे मानवेंद्र सिंह के राजनीतिक कद को लेकर विभिन्न अटकलें लगाई जा रही हैं.
केंद्रीय मंत्री एवं मुख्यमंत्री ने आरएमसीआर में परियोजना समीक्षा बैठक भी ली. बैठक में एचपीसीएल अधिकारियों ने पावर प्वाइंट प्रजेन्टेशन के माध्यम से रिफाइनरी की वर्तमान स्थिति, ओवरव्यू, उत्पाद व निकासी योजना एवं सभी महत्वपूर्ण रिफाइनरी इकाइयों की उपयोगिता एवं सम्पूर्ण उत्पादकता से संबंधित जानकारी दी. केंद्रीय पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्री ने बैठक में रिफाइनरी अधिकारियों को कौशल विकास पहल की आगामी 15 दिनों में कार्ययोजना बनाने के निर्देश दिए. उन्होंने कहा कि स्थानीय युवाओं को कौशल प्रशिक्षण के माध्यम से इस रिफाइनरी में रोजगार उपलब्ध करवाने के लिए केंद्र एवं राज्य सरकार प्रतिबद्ध है.
मुख्यमंत्री ने रिफाइनरी की प्रगति पर संतोष व्यक्त करते हुए कहा कि राज्य एवं केन्द्र सरकार के संयुक्त प्रयासों से पिछले 6 माह में रिफाइनरी के कार्यों में उल्लेखनीय तेजी आई है और शीघ्र ही इसका संचालन प्रारंभ हो सकेगा. उन्होंने कहा कि यह रिफाइनरी स्थानीय युवाओं को रोजगार के साथ ही राज्य की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी. उन्होंने कहा कि हम पर्यावरण संरक्षण के साथ ही राज्य के चहुंमुखी विकास के लिए प्रतिबद्ध है.
इस अवसर पर पशुपालन एवं डेयरी मंत्री जोराराम कुमावत, उद्योग एवं वाणिज्य राज्य मंत्री केके विश्नोई, सांसद राजेन्द्र गहलोत, विधायक हमीर सिंह भायल, डॉ प्रियंका चौधरी, आदूराम मेघवाल, अरूण चौधरी सहित पूर्व केन्द्रीय राज्यमंत्री कैलाश चौधरी, मुख्य सचिव सुधांश पंत सहित विभिन्न उच्चाधिकारी एवं एचपीसीएल के अधिकारी मौजूद रहे.