हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने ‘म्हारी सड़क ऐप’ की कुछ शिकायतों को बिना पूर्ण निवारण के बंद करने और शिकायतों का ठीक से निपटान नहीं करने पर विभिन्न विभागों के 19 कार्यकारी अभियंताओं पर विभागीय कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं. इनमें पीडब्ल्यूडी के 2, एचएसएएमबी के 6, एसएसआईआईडीसी के 2, जिला परिषद का 1, यूएलबी के 5 और एसएसवीपी के 3 कार्यकारी अभियंता शामिल हैं. इसके अलावा जो ठेकेदार तय समय सीमा में शिकायतों का निवारण नहीं कर रहे, संबंधित विभागों को उनके खिलाफ कार्यवाही करने के निर्देश भी दिए हैं.
मुख्यमंत्री नायब सैनी ने यह निर्देश आज ‘म्हारी सड़क ऐप‘ पर आई शिकायतों को लेकर आयोजित समीक्षा बैठक की अध्यक्षता के दौरान दिए. उन्होंने कहा कि अधिकारियों को जो भी कार्य दिया जाता है या लोगों की कोई शिकायत आती है तो उसका समाधान धरातल पर शत प्रतिशत दिखना चाहिए. उन्होंने कहा कि अधिकारी आम जनता द्वारा ऐप पर भेजी गई सड़कों संबंधी शिकायतों के पूर्ण समाधान के बाद ही शिकायत को बंद करें. यदि किसी शिकायत को संबंधित अधिकारी ने बिना समाधान के बंद किया तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई करें. साथ ही कहा कि प्रदेश की सड़कों पर सफेद पट्टी व साइन बोर्ड लगवाना भी सुनिश्चित किए जाए.
सीएम नायब सिंह सैनी ने अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि म्हारी सड़क एप पर शिकायत आते ही उसको तय समय सीमा में पूरा किया जाए, ताकि जनता को किसी भी परेशानी का सामना नहीं करना पड़े. यदि कोई संबंधित अधिकारी शिकायत का समय पर समाधान नहीं करता या गलत जानकारी देता है तो उसके खिलाफ विभाग सख्त कार्यवाही करें.

सीएम ने अधिकारियों को ये भी निर्देश दिए कि म्हारी सड़क ऐप की जानकारी और डाउनलोड करने के लिए लोगों को ज्यादा से ज्यादा विभिन्न माध्यमों से जागरूक करें, ताकि सड़क संबंधित समस्या को लेकर वे ऐप का उपयोग कर सकें. इसके अलावा उन्होंने कहा कि सड़कों के गड्ढों को ठीक प्रकार से भरा जाए, क्योंकि लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी.
मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि छोटी और बड़ी शिकायतों का अलग-अलग वर्गीकरण कर तय समय सीमा में निस्तारण करना भी सुनिश्चित किया जाए. साथ ही ऐप पर जो नागरिक गड्ढों की फोटो डालकर जानकारी देता है, उससे बात करना भी सुनिश्चित किया जाए. उन्होंने ऐप के संबंध में फील्ड में कार्यरत अधिकारियों को प्रशिक्षण देने के निर्देश भी दिए हैं, ताकि उन्हें ऐप के संचालन की सही जानकारी मिल सके. इसके अतिरिक्त ऐप पर एक सेल अलग से बनाकर एनएच की सड़कों की शिकायतों को उस पर डाला जाए.